पाठ ७: सोच अपनी-अपनी
अभ्यास, स्वाध्याय, भाषा-सज्जता और योग्यता-विस्तार
कक्षा 8 हिंदी
■ अभ्यास (पृष्ठ 45-46)
• नीचे दिए गए चित्रों को ध्यान से देखिए। फिर उन पर आधारित प्रश्नों पर कक्षा में वाद-विवाद करवाइए :
(1) दोनों चित्रों में क्या अंतर है ?
उत्तर:
- चित्र 1 (गाँव) : गाँव के चित्र में प्राकृतिक दृश्य है, जहाँ नदी बह रही है। लोग नदी में नहा रहे हैं, औरतें पानी भर रही हैं और कपड़े धो रही हैं। कुछ लोग जानवरों को पानी पिला रहे हैं। कच्चे घर, पेड़-पौधे और खुला, प्रदूषण मुक्त वातावरण दिखाई दे रहा है।
- चित्र 2 (नगर/शहर) : नगर के चित्र में पक्की और चौड़ी सड़कें हैं। वाहनों (कार, बस) की भारी भीड़ है। बड़ी-बड़ी इमारतें (बहुमंजिला मकान) हैं। यातायात के साधनों और फैक्ट्रियों के कारण शहर में प्रदूषण और शोरगुल दिखाई दे रहा है।
(2) गाँव तथा नगर के जीवन में क्या अंतर है और तुम्हें कौन-सा रुचिकर लगता है ? क्यों ?
उत्तर: गाँव के जीवन में सादगी, शांति और प्रदूषण मुक्त वातावरण होता है। लोग मिल-जुलकर रहते हैं, लेकिन वहाँ आधुनिक सुख-सुविधाओं (जैसे बड़े अस्पताल, उच्च शिक्षा) का अभाव होता है। दूसरी ओर, नगर के जीवन में आधुनिक सुख-सुविधाएँ, पक्की सड़कें और अच्छी शिक्षा होती है, लेकिन वहाँ भीड़-भाड़, प्रदूषण और शोरगुल अधिक होता है। मुझे गाँव का जीवन अधिक रुचिकर लगता है, क्योंकि वहाँ का शांत और शुद्ध पर्यावरण स्वास्थ्य के लिए बहुत लाभदायक होता है और लोगों में आपसी प्रेमभाव अधिक देखने को मिलता है। (यदि किसी छात्र को नगर रुचिकर लगता है, तो वह उसके विकास का कारण बता सकता है।)
(3) क्या तालाब का जल पीने के लिए योग्य है ? यदि नहीं, तो क्यों ?
उत्तर: नहीं, तालाब का जल पीने योग्य नहीं होता है। क्योंकि तालाब के पानी में लोग नहाते हैं, कपड़े धोते हैं, और अपने जानवरों (पशुओं) को भी नहलाते हैं। इसके कारण पानी में गंदगी और कीटाणु मिल जाते हैं। ऐसा प्रदूषित पानी पीने से हैजा, टाइफाइड और पेचिश जैसी भयानक बीमारियाँ हो सकती हैं।
• नीचे दिए हुए मुद्दों के आधार पर "विज्ञान वरदान या अभिशाप" इस विषय के एक पक्ष पर अपने विचार कारण सहित प्रस्तुत कीजिए।
(मुद्दे: प्रदूषण, बिजली, अंतरिक्ष की खोज, डॉक्टरी सुविधा, दूरभाष, कम्प्यूटर, परमाणु, बम, पिस्तौल, यातायात, ग्लोबल वॉर्मिंग)
उत्तर: (यहाँ दोनों पक्षों के विचार दिए गए हैं, छात्र किसी एक पक्ष पर बोल सकते हैं)
- विज्ञान वरदान के रूप में (पक्ष): विज्ञान ने मनुष्य के जीवन को बेहद सुखद और आरामदायक बना दिया है। बिजली, दूरभाष (टेलीफोन/मोबाइल), कम्प्यूटर, इंटरनेट और यातायात के साधनों ने पूरी दुनिया को एक गाँव बना दिया है। चिकित्सा (डॉक्टरी सुविधा) के क्षेत्र में असाध्य रोगों का इलाज संभव हुआ है जिससे मृत्यु दर घटी है। अंतरिक्ष की खोजों ने हमें नए ग्रहों की जानकारी दी है।
- विज्ञान अभिशाप के रूप में (विपक्ष): विज्ञान के कारण ही प्रदूषण और 'ग्लोबल वॉर्मिंग' जैसी भयानक समस्याएँ उत्पन्न हुई हैं। कारखानों से निकलने वाले धुएँ और रसायनों ने पर्यावरण को दूषित कर दिया है। विज्ञान ने हमें परमाणु बम, मिसाइल और पिस्तौल जैसे घातक हथियार दिए हैं, जो चंद मिनटों में पूरी दुनिया को नष्ट कर सकते हैं। अतः यदि विज्ञान का उपयोग विनाश के लिए हो, तो यह एक बड़ा अभिशाप है।
• कौन शक्तिशाली है 'कलम या तलवार', अपने विचार कारण सहित बताइए।
उत्तर: मेरे विचार से 'कलम' तलवार से अधिक शक्तिशाली है। तलवार केवल डरा-धमकाकर या बलपूर्वक लोगों के शरीर पर विजय प्राप्त कर सकती है, और उसका प्रभाव कुछ समय तक ही रहता है। लेकिन कलम (ज्ञान और विचारों की शक्ति) में वह ताकत है जो लोगों के मन और समाज की सोच को बदल सकती है। साहित्य, लेखों और पुस्तकों के माध्यम से समाज में बड़ी-बड़ी क्रांतियाँ लाई जा सकती हैं। कलम द्वारा लिखे गए विचार युगों-युगों तक अमर रहते हैं। इसलिए कलम की शक्ति महान है。
• दी गई सामग्री (बहुत दूर जन्म ले रहा है धरती जैसा ग्रह) पढ़िए और उसके आधार पर प्रश्नों के उत्तर दीजिए :
(1) अंतरिक्ष की किस घटना से वैज्ञानिक उत्साहित हैं ?
उत्तर: हमारी पृथ्वी से 424 प्रकाश वर्ष दूर गर्म गर्द-गुबार के बीच धरती जैसा एक नया ग्रह आकार ग्रहण कर रहा है। अंतरिक्ष में नए ग्रह के जन्म लेने की इस दुर्लभ घटना को देखकर वैज्ञानिक उत्साहित हैं。
(2) पृथ्वी जैसा ग्रह बनने के लिए अंतरिक्ष में किस प्रकार की स्थिति होना आवश्यक है ?
उत्तर: पृथ्वी जैसा ग्रह बनने के लिए तारे के इर्द-गिर्द धूल की गहरी रिंग (पट्टियाँ) बननी चाहिए। यह रिंग सौरमंडल के 'बसने योग्य' क्षेत्र में जमा होनी चाहिए। इसके बाहर की ओर बर्फीली बेल्ट का होना भी आवश्यक है, जिससे पानी मौजूद होने की संभावना बनती है。
(3) रेखा खींचकर सही जोड़े मिलाइए :
उत्तर:
- ४२४ प्रकाश वर्ष = पृथ्वी से नए ग्रह की दूरी
- १.६ करोड़ वर्ष = नए ग्रह की उम्र
- १० करोड़ वर्ष = पूर्ण ग्रह बनने में लगनेवाला समय
- स्पिट्जर स्पेस = नासा का टेलिस्कोप
- कैरी सिस्से = वैज्ञानिक
■ स्वाध्याय (पृष्ठ 47-48)
प्र. 1. उदाहरण के आधार पर उपसर्ग लगाकर शब्द पुनः लिखिए :
(वि, प्र, अ, दुर्, अध्, निर्, गैर)
उत्तर:
- (1) भिन्न = विभिन्न
- (2) देश = विदेश (या प्रदेश)
- (3) पका = अध्पका
- (4) गम = दुर्गम
- (5) योग = प्रयोग (या वियोग)
- (6) जीव = निर्जीव
- (7) बल = निर्बल (या दुर्बल)
- (8) समझ = गैरसमझ (या नासमझ, परंतु दिए गए कोष्ठक के अनुसार 'गैर' उपसर्ग उचित है)
- (9) सुविधा = असुविधा
- (10) वांछित = अवांछित
प्र. 2. उदाहरण के आधार पर प्रत्यय लगाकर शब्द पुनः लिखिए :
(ई, ता, इत, इक)
उत्तर:
- (1) नियम + इत = नियमित
- (2) विदेश + ई = विदेशी
- (3) प्रकृति + इक = प्राकृतिक ('प्रकृति' में 'इक' प्रत्यय लगने से पहला स्वर दीर्घ हो जाता है)
- (4) पुत्र + ई = पुत्री
- (5) लापरवाह + ई = लापरवाही
- (6) चंचल + ता = चंचलता
- (7) यंत्र + इक = यांत्रिक ('यंत्र' में 'इक' लगने से यांत्रिक बनता है)
- (8) मानव + ता = मानवता
- (9) हँस + ई = हँसी
प्र. 3. चित्र के आधार पर काव्य की रचना कीजिए :
(चित्र: घड़ी)
उत्तर:
घड़ी लगी दीवार पर, टिक-टिक कर तू चलती है।
समय का मोल बताती सबको, हर पल आगे बढ़ती है।
रुकना कभी न तुमने सीखा, दिन-रात निरंतर चलती है।
प्र. 4. देश की उन्नति, विकास एवं रक्षा के लिए आप क्या बनना चाहेंगे "किसान या सैनिक"? कारण सहित अपने मित्र को पत्र द्वारा बताइए ।
उत्तर:
पता: १२, विकास नगर सोसाइटी, अहमदाबाद।
दिनांक : 26 जुलाई 2026
प्रिय मित्र रमेश,
सप्रेम नमस्ते।
मैं यहाँ कुशल-मंगल हूँ और आशा करता हूँ कि तुम भी वहाँ आनंद से होगे। तुमने अपने पिछले पत्र में मुझसे पूछा था कि मैं बड़ा होकर देश के लिए क्या बनना चाहता हूँ। मित्र, मैं बड़ा होकर एक 'सैनिक' बनना चाहता हूँ。
इसका कारण यह है कि एक सैनिक बनकर मैं अपने देश की सीमाओं की रक्षा कर सकता हूँ। देश के नागरिक तभी शांति से सो पाते हैं और अपना विकास कर पाते हैं, जब सीमा पर सैनिक मुस्तैदी से उनकी रक्षा कर रहे होते हैं। बाहरी दुश्मनों और आतंकवादियों से देश को बचाना मैं अपना परम कर्तव्य मानता हूँ। हालाँकि देश के लिए किसान भी बहुत महत्त्वपूर्ण है, क्योंकि वह अन्न उगाता है, फिर भी मुझे मातृभूमि की रक्षा के लिए सेना में भर्ती होने की अधिक प्रेरणा मिलती है。
मैं कड़ी मेहनत करूँगा और एक दिन भारतीय सेना में शामिल होकर देश की सेवा करूँगा। अपने माता-पिता को मेरा प्रणाम कहना。
तुम्हारा मित्र,
रोहित
■ भाषा-सज्जता (पृष्ठ 48-49)
• निम्नलिखित वाक्यों में से ऐसे पद ढूंढिए जो 'अव्यय' हैं :
- (1) उमंग और स्मित घर चले गए।
उत्तर: अव्यय = और - (2) तुम्हें अपने जन्मदिन पर कैमरा चाहिए या मोबाइल फोन ?
उत्तर: अव्यय = या - (3) वाह ! क्या कैच लिया है।
उत्तर: अव्यय = वाह ! - (4) दुर्योधन तथा कर्ण में गहरी मित्रता थी।
उत्तर: अव्यय = तথা - (5) वह तेज दौड़ा।
उत्तर: अव्यय = तेज
• सोचिए : आपने जिन शब्दों को अव्यय के रूप में चुना है, क्या वे अव्यय पद हैं? चर्चा कीजिए।
उत्तर: हाँ, हमने जिन शब्दों (और, या, वाह !, तथा, तेज) को चुना है, वे सभी अव्यय पद हैं। क्योंकि इन शब्दों के रूप में लिंग, वचन, काल या कारक के कारण कोई भी परिवर्तन (विकार) नहीं होता है। ये वाक्य में सदैव अपने मूल रूप में ही प्रयुक्त होते हैं, इसलिए इन्हें अव्यय (अविकारी) पद कहा जाता है।
■ योग्यता-विस्तार (पृष्ठ 49)
(यह छात्रों के लिए वाद-विवाद प्रतियोगिता में भाग लेने के नियमों की जानकारी है।)
उत्तर: वाद-विवाद करते समय वक्ता को हमेशा कार्यक्रम के अध्यक्ष को संबोधित करना चाहिए। अशिष्ट शब्दों का प्रयोग नहीं करना चाहिए और किसी पर व्यक्तिगत आक्षेप नहीं करना चाहिए। अपनी बात शिष्टाचार के साथ, तार्किक रूप से और दी गई 3 से 5 मिनट की समय-सीमा के भीतर ही समाप्त करनी चाहिए।